इंटरनेट डेस्क : सावन का पवित्र माह चल रहा और सावन के इस माह में भगवान विष्णु चार महीनों के लिए निद्रा में चले जाने के बाद सृष्टि कर्ता भगवान शिव सारी सारी जिम्मेदारियों को निभाते है भगवान शिव की अराधना भक्त पूरें श्रध्दाभाव से करते है सावन महीने में सोमवार के दिन भगवान शिव की पूजा करने से आपकी तरह की मनोकामनाएं जल्द से जल्द पूरी होती है लेकिन शायद आपको पता हो सावन महीने में मंगला गौरी का व्रत रखना भी बेहद शुभ होता है जिसे सुहागन महिलाएं रखा करती है। इस दिन को लेकर खास पूजा-अर्चना सुहागन महिलाएं किया करती है।

ये व्रत विवाहित औरतें अपने पति की लंबी उम्र और खुशहाल वैवाहिक जीवन के लिए रखा करती है वही कुंवारी युवतियां विवाह में आ रही बांधाओं को दूर करने के लिए इस दिन उपवास रखा करती है

Old Post Image

मंगला गौरी व्रत का महत्व हिंदू शास्त्रों में बेहद मह्त्वपूर्ण माना गया है। सुहागन महिलाएं वैवाहिक सुख की प्राप्ति के लिए ये व्रत करती हैं। संतान सुख की चाह रखने वाले दंपत्तियों को भी इसका लाभ होता है सावन के सोमवार के अगले दिन मंगलवार को ये व्रत रखा जाता है । इस बार ये व्रत महिलाएं 13 अगस्त को रखेगी 13 अगस्त का मंगलवार इस सावन का आखिरी मंगलवार होगा।

सावन में भगवान भोले को प्रसन्न करते है सुहागन महिलाओं के साज श्रृंगार

Old Post Image

सुहागन महिलाएं इस तरह से पूजा पाठ करें सुबह उठकर सबसे पहले स्नानादि करें और फिर साफ़ सुथरे कपड़े धारण करें इस व्रत में महिलाएं सिर्फ एक ही समय पर अन्न ग्रहण कर सकती है । व्रत करने वाली महिला को पूरे दिन माता पार्वती की आराधना और ध्यान करना चाहिए। घर के पूजा स्थान पर मंगला गौरी अर्थात माता पार्वती का चित्र रखें और व्रत का संकल्प लेंवे। माता की पूजा में सोलह श्रृंगार की वस्तुएं चढ़ाई जाती हैं। आप फूल की 16 मालाएं, 16 लौंग, 16 चूड़ियां चढ़ाएं। इसी संख्या में आप सुपारी, इलायची, फल, पान, सूखे मेवे, मिठाई, अनाज, लड्डू, इत्यादि प्रकार की चीजें चढ़ाएं पूजन के बाद मंगला गौरी की पूजा करें आपकी हर मनोकामना जल्द से जल्द पूरी होगी।

सावन महीने में इस वजह से ससुराल की बजाएं मायके में रहती है नई नवेली दुल्हन

loading...

You may also like

 भगवान की पूजा में ऐसे बर्तन इस्तेमाल करने होते है शुभ तो ये है अशुभ
शास्त्रों में परिवार के लिए बिल्कुल उचित नही होता फ्रिज में रखें बचें आटे की रोटियां खाना